सराहां 13 नवम्बर
हिमाचल सरकार में कृषि एवं पशुपालन मंत्री प्रोफेसर चन्द्र कुमार के मंगलवार को हिमाचल निर्माता डॉ यशवंत सिंह परमार के गृह क्षेत्र बागथन में शिरकत करने से इस इलाके में उपेक्षित पड़े पशु प्रजनन केंद्र की हालत में सुधार होने की जहां पच्छाद वासियों को पूरी आशा है वहीं इसी क्षेत्र में स्थित बागवानी के फार्म हाउस व बाग पशोग में कृषि विभाग के उपेक्षित पड़े फार्म हाउस की दशा में सुधार होने की पूरी उम्मीद है।गोरतलब है कि हिमाचल निर्माता डॉ परमार हिमाचल के युवाओं को नोकरी के पीछे न भाग कर कृषि,बागवानी व पशुपालन के क्षेत्र में कार्य करने के लिये प्रेरित करते थे ।
पच्छाद में अधिकतर लोगो के पास कृषि योग्य भूमि है ।इसी उद्देश्य को पूरा करने के लिये उन्होंने बागथन में बागवानी का फॉर्म हाउस खुलवाया था जिसमे हालांकि अभी भी पौधे मिलते है। लेकिन इसमे अभी और भी सुधार की आवश्यकता है।वहीं यहां पर पशु प्रजनन केंद्र भी खोला गया था।जहां पर अच्छी नस्ल की जर्सी गायें भी उपलब्ध थी।ऐसा ही एक कृषि फॉर्म क्वाग धार में भी स्थित था जहां से आलू ,अदरक का बीज तैयार करके न केवल प्रदेश बल्कि और राज्यों में भी भेजा जाता था।और यहाँ का बीज किसानों द्वारा पसन्द भी किया जाता था।लेकिन उपेक्षा के चलते इन मे से कुछ संस्थान तो बंद हो गये हैं और जो हैं उनकी स्थिति दयनीय है।अब यदि सरकार इस और थोड़ा ध्यान दे तो न केवल डॉ परमार जी का सपना साकार होगा बल्कि यहाँ के किसानों,बागवानों व पशुपलकों की स्थिति भी सुधरेगी।
गोरतलब है कि मंगलवार को बागथन में बाल दिवस के अवसर पर आयोजित होने वाले मेले में प्रो चंद्र कुमार बतौर मुख्य अथिति दोपहर 12 बजे शिरकत करेंगे।इससे पूर्व 11 बजे वो गागल शिकोर में पटवार खाने के नवनिर्मित भवन का उद्घाटन करेंगे तो ऐसे में उनसे पच्छाद के किसानों बागवानो व पशुपालकों को बहुत उमीदें है।

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