सराहां 26 नवम्बर
विश्व मधुमेह दिवस के अवसर पर शनिवार को सराहां में एक शिविर का अयोजन किया गया जिसमें 5 दर्जन प्रतिभागियों ने शिरकत की।इस अवसर पर स्वास्थ्य पर्यवेक्षक खण्ड पच्छाद नरवीर कुमार शर्मा ने उपस्थित लोगों को जानकारी देते हुए कहा कि मधुमेह एक ऐसा रोग है जो हमारी जीवनशैली से जुड़ा है।जब हमारे खून में शक्कर की मात्रा निर्धारित स्तर से अधिक हो जाय तो इसे मधुमेह या शुगर कहते हैं।यह दो तरह की होती है।टाइप 2 व टाइप 1इससे बचाव के लिये हमें नियमित व्यायाम,शारीरिक श्रम व संतुलित भोजन का सेवन करना चाहिये।अत्याधिक मीठा खाने से बचना चाहिये।मधुमेह के लक्षणों में अत्यधिक भूख लगना, अधिक प्यास लगना, वजन का कम होना,बार बार पेशाब आना, आखों की रोशनी कम होना,जख्म जल्दी न भरना यदि ये लक्षण हों तो शीघ्र ही स्वास्थ्य जाँच करवानी चाहिये व उपचार करवाना चाहिये।उपचार में लापरवाही करने से रोग घातक रूप ले लेता है।स्वास्थ्य विभाग द्वारा इसकी जांच निशुल्क सभी स्वास्थ्य संस्थानो में की जाती है व उपचार किया जाता है।
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